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Thursday, September 24, 2020

WHAT IS INSURANCE AND IT'S DIFFERENT OF TYPES.

 "बीमा और उसके विभिन्न प्रकार"

हमारा भविष्य अनिश्चितकालीन है आगे क्या हो सकता है हमें पता नहीं, और हमेशा हमारे ऊपर आर्थिक जोखिम बनी रहती है! उससे बचने के लिए ही हम बीमा(INSURANCE) निकालते हैं ! 
बीमा वह साधन है जो हमारी भविष्य कालीन आर्थिक जोखिम को दूर करता है, और उसकी जिम्मेदारी किसी दूसरे पक्ष को देता है! मतलब बीमा हमारे लिए एक जोखिम से बचाने वाला सुरक्षा कवच है!
      बीमा किसी कंपनी या संस्था द्वारा निकाला जाता है और वह कंपनी बीमा धारक व्यक्ति और कंपनी के बीच एक कालावधी तक वित्तीय करार करते हैं?
बीमा में बीमा धारक को एक निश्चित कालावधी तक प्रीमियम अदा करने से किसी अनिश्चित दुर्घटना उदाहरण - मृत्यु पश्चात बीमा की जो निर्धारित रकम है वह उसके नॉमिनी को बीमा कंपनी द्वारा मिलती है उससे बीमा धारक के परिवार की आर्थिक सुरक्षा होती है! बीमा के विभिन्न प्रकार है और हर एक बीमा की अपनी अलग अलग पहचान है ,और अलग-अलग लाभ है ! व्यक्ति के जीवन में परिवार को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए बीमा एक महत्वपूर्ण साधन है !

यहां पढ़ें:- Health Insurance

बीमा क्यों महत्वपूर्ण है?



बीमा की खुद की अपनी बहुत सी विशेषताएं हैं इसीलिए आज हर कोई बीमा (INSURANCE) निकलता है !आज चाहे वह दोपहिया वाहन या चार पहिया वाहन हो तथा स्वास्थ्य बीमा, जीवन बीमा इत्यादि बीमा आज निकाले जाते हैं!

आर्थिक जोखिम से सुरक्षा प्रदान करना :-
मानवी जीवन अनिश्चितता से भरा पड़ा है! और हर स्तर पर आर्थिक जोखिम भरी है! अस्पताल जाओ तो खर्चा, एक्सीडेंट हो गया तो खर्चा इन सब आर्थिक जोखिमों से बीमा हमें सुरक्षा प्रदान करता है!
 उस प्रकार मनुष्य के जीवन में मृत्यु एक सत्य है, मृत्यु के पश्चात परिवार का वित्तीय आधार टूट जाता है उस समय बीमा उस परिवार को आर्थिक सहायता देती है, इस प्रकार तमाम आर्थिक जोखिमों से बीमा बीमा धारक और उसके परिवार की सुरक्षा करता है!

आर्थिक जोखिम का हस्तांतरण:- 
        बीमा का मुख्य उद्देश्य यही होता है कि किसी व्यक्ति जो बीमा के लिए प्रीमियम अदा करता है उसकी सीमित आर्थिक जोखिम जो कंपनी बीमा व्यवसाय करती है उस पर हस्तांतरित करना है!  इस प्रकार व्यक्ति निर्धारित करार के अनुसार अपनी आर्थिक जोखिम की सुरक्षा करता है;

व्यापक आयाम:-
बीमा व्यवसाय दिन-ब-दिन बहुत मात्रा में बढ़ता जा रहा है और मनुष्य के जरूरत के अनुसार हर एक चीज का बीमा निकाला जा रहा है; इससे मनुष्य के भविष्य कालीन जोखिम दूर हो रहे हैं आज हम जीवन बीमा, टर्म इंश्योरेंस, स्वास्थ्य बीमा, पशुधन बीमा, फसल बीमा यहां तक चोरी का बीमा तथा आग और जलने का बीमा और हम जब बैंक में कर्जा लेते हैं तो भी बीमा निकाला जाता है इस प्रकार वर्तमान में बीमा का क्षेत्र बहुत ही व्यापक हो रहा है!

बीमा धारक व्यक्ति और कंपनी के बीच दीर्घकालीन करार:-
बीमा एक व्यक्ति और बीमा बेचने वाली कंपनी के बीच होने वाला एक दीर्घकालीन करार है! क्योंकि बीमा एक निश्चित समय के लिए निकाला जाता है; मान लीजिए हम एक 30 साल के लिए जीवन बीमा निकालते हैं तो हमें मासिक निर्धारित राशि प्रीमियम के तौर पर कंपनी को अदा करनी होगी उस बदले में हमें कंपनी 30 साल के बाद परिपक्वता राशि देंगी और साथ-साथ मृत्यु होने के पश्चात एक निर्धारित राशि देगी इसीलिए बीमा यह दीर्घकालीन और सतत चलने वाली प्रक्रिया है !

बड़ी मात्रा में बीमा धारक की संख्या और कंपनियों का विस्तार:-
आज हर एक व्यक्ति किसी ना किसी चीज का इंश्योरेंस निकालता है कभी-कभी वह शासकीय नियमों से बंधन कारक होता है, तो कोई इंश्योरेंस हम स्वेच्छा से निकालते हैं; इस वजह से आज बड़ी मात्रा में बीमा धारकों की संख्या बढ़ रही है उस वजह से बीमा कंपनियों का बहुत मात्रा में निजी व्यवसाय शुरू हुआ है!

बीमा का महत्व :-

व्यक्ति का जीवन दुर्घटना अनिश्चितता से भरा हुआ है इन सब में उसे अपने परिवार की सुरक्षा करनी होती है इसमें बीमा की अपनी एक उपयोगिता है इस वजह से बीमा एक महत्वपूर्ण वित्तीय साधन बन के उबर रहा है!

बचत और निवेश :- बीमा एक निवेश का माध्यम है और  साथ में हम इससे मासिक बचत भी कर सकते है ; मान लीजिए किसी ने जीवन बीमा 20 साल के लिए निकाला तो उसे मासिक प्रीमियम अदा करने के बदले 20 साल बाद परिपक्वता राशि बोनस एक साथ मिलेगा!


आयकर में छूट:- इंशुरंस के माध्यम से हम अपनी बचत करके आयकर अधिनियम के अंतर्गत कर में छूट पा सकते हैं ! जैसे स्वास्थ्य बीमा, जीवन बीमा इसमें हमें 80C के अंतर्गत आयकर छूट मिलती हैं !

वृद्धावस्था में मददगार :- कोई भी बीमा निकालने से हमें भविष्य में उसका फायदा होता है! मतलब जब हम वृद्धावस्था में होते हैं तब हमें उसकी परिपक्वता राशि प्राप्त होती है; और आर्थिक सहायता प्रदान करती हैं!


ऋण का एक माध्यम:- कुछ कुछ बीमा कंपनियां ऐसी होती है जो ऋण उपलब्ध कराती है; हम जो प्रीमियम जमा करते हैं उसके हिसाब से हमें ऋण मिलता है !


वैधानिक कानून :- कुछ कुछ बीमा निकालना वैधानिक कानून के अंतर्गत अनिवार्य होता है; जैसे दो पहिया चार पहिया वाहन का बीमा इत्यादि.

बीमा धारक के मृत्यु के पश्चात परिवार की सुरक्षा :- जैसे Term Insurance, जीवन बीमा इनमें हमें बीमा धारक की मृत्यु के पश्चात निर्धारित राशि नॉमिनी को मिलती है!


बीमा की मर्यादा (Limitations)


बीमा का मर्यादित स्वरूप :- कुछ हद तक बीमा का स्वरुप मर्यादित है; अगर जीवित हानी होगी तो हमें खाली वित्तीय साहायता ही मिलेगी ! 

 उच्च प्रीमियम दरें :- कुछ-कुछ बीमा में हमें प्रीमियम के लिए उच्च राशि देना पड़ता है! जैसे स्वास्थ्य बीमा में प्रीमियम की राशि ज्यादा होती है


मर्यादित जोखिमों का बीमा:-
बीमा की टर्म और कंडीशन के हिसाब से जोखिम मर्यादित होती है; और बीमा कंपनी की देयता मर्यादित होती है !

बीमा सिर्फ आर्थिक सहायता प्रदान करता है:- कोई भी जीवित हानी या गंभीर बीमारी, दुर्घटना हुई तो बीमा हमें सिर्फ आर्थिक सहाय्यता प्रदान कर सकता है !

बीमा क्षतिपूर्ति साधन ना कि लाभकारी :- जैसे जीवन बीमा हम मृत्यू के पश्चात परिवार की सुरक्षा के लिए निकलते हैं इसलिए यह क्षतिपूर्ति का साधन है !

"बीमा के विभिन्न प्रकार"

बीमा के उपयोगिता के अनुसार बीमा के विभिन्न प्रकार है और हर एक की अपनी अपनी विशेषताएं हैं!

1) जीवन बीमा:- जीवन बीमा मैं विभिन्न प्रकार आते हैं यह निर्धारित अवधि के बाद हमें परिपक्वता राशि प्रदान करता है!साथ-साथ मृत्यु के पश्चात नॉमिनी को निर्धारित राशि मिलती है!

2) स्वास्थ्य बीमा :- जैसे नाम से ही जानते हैं स्वास्थ्य बीमा स्वास्थ्य से संबंधित होता है; गंभीर बीमारी,अपघात तथा अस्पताल में होने वाले खर्चे में आर्थिक सहायता प्रदान करता है और Cashless सुविधा देता है!

विस्तृत जानकारी यहां पढ़ें:- Health Insurance

3) Vehicle Insurance:- जब भी हम कोई नया दो पहिया या चार पहिया वाहन खरीदी करते हैं तो हमें उसके साथ वाहन का बीमा निकालना अनिवार्य होता है !

4) Term Insurance:-  टर्म इंश्योरेंस एक निश्चित अवधि की  जीवन पॉलिसी है, इसमें सीमित कालावधी तक प्रीमियम का भुगतान करके निश्चिित राशि का जीवन इंश्योरेंस निकाला जा सकता है, यदि उस निश्चित समय तक  राशि कर्ता की मृत्युु हो जाए तो उसके नामांकित व्यक्तिि को बीमा की राशि दी जाती है!  साथ साथ टर्म इंश्योरेंस में आकस्मिक विकलांगता (Accidental Disability Benefit) और गंभीर बीमारी (Critical Illness) के काल में बीमा राशि उपलब्ध कराई जा सकती है! बीमा धारक के पश्चात अपनी परिवार की सुरक्षा के लिए टर्म इंश्योरेंस एक अच्छा विकल्प है!

विस्तृत जानकारी यहां पढ़ें:-Term_Insurance

इस तरह बीमा के विभिन्न प्रकार उपलब्ध है व्यक्ति की उपयोगिता के अनुसार हम विभिन्न तरह के बीमा निकालकर आर्थिक सुरक्षा कर सकते हैं!

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